शिवपुरी (मध्य प्रदेश)। जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आपराधिक गतिविधियों पर लगाम लगाने के लिए प्रशासन ने सख्त कदम उठाया है। कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट श्री अर्पित वर्मा ने दो शातिर एवं आदतन अपराधियों को 6 माह की अवधि के लिए जिला बदर कर दिया है।
इस आदेश के तहत दोनों अपराधियों को शिवपुरी जिले के साथ-साथ उसके पड़ोसी जिलों की सीमाओं से भी बाहर रहने के निर्देश दिए गए हैं।
किन अपराधियों पर हुई कार्रवाई?
- अनिकेत रावत (उम्र 21 वर्ष): निवासी वार्ड क्रमांक 04, न्यू कॉलोनी बैराड़। इसके खिलाफ वर्ष 2021 से लगातार विभिन्न गंभीर धाराओं में आपराधिक मामले दर्ज हैं।
- राहुल केवट (उम्र 26 वर्ष): निवासी मनका हाल, संकट मोचन कॉलोनी, पिछोर। इसके विरुद्ध वर्ष 2017 से कई आपराधिक प्रकरण पंजीकृत हैं।
प्रशासनिक टिप्पणी: दोनों आदतन अपराधियों की गतिविधियों से क्षेत्र में शांति व्यवस्था प्रभावित हो रही थी और किसी गंभीर घटना की आशंका बनी हुई थी।
इन 7 जिलों की सीमाओं में प्रवेश पर लगा प्रतिबंध
कलेक्टर के आदेशानुसार दोनों अपराधियों को शिवपुरी सहित सीमावर्ती जिलों — ग्वालियर, अशोकनगर, श्योपुर, मुरैना, दतिया और गुना की राजस्व सीमाओं से 6 महीने के लिए निष्कासित (बाहर) किया गया है।
निष्कासन अवधि के दौरान लागू रहेंगे ये नियम
- थाने में सूचना देना अनिवार्य: जिला बदर की अवधि के दौरान अपराधी जिस भी स्थान पर रहेंगे, उसकी लिखित जानकारी हर महीने रजिस्टर्ड डाक के माध्यम से संबंधित थाना प्रभारी को देनी होगी।
- अदालती पेशी की छूट: यदि इन अपराधियों के खिलाफ संबंधित जिलों की किसी अदालत में मामला विचाराधीन है, तो वे पेशी के दिन न्यायालय में उपस्थित हो सकेंगे। हालांकि, इसके लिए उन्हें पूर्व सूचना संबंधित थाना प्रभारी और पुलिस अधीक्षक (SP) को देनी होगी।